KundliLive पर्व संग्रह
आषाढ़ के व्रत और त्योहार
आषाढ़ में रथ यात्रा, गुरु पूर्णिमा और देवशयनी एकादशी प्रमुख हैं। चातुर्मास की परंपरा इसी काल से जुड़ी है।
पर्व और उनका परिचय
गुरु पूर्णिमा
आषाढ़ पूर्णिमा
गुरु पूर्णिमा शिक्षक, गुरु और ज्ञान-परंपरा के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर है। अनेक आश्रमों और शिक्षण परंपराओं में विशेष कार्यक्रम होते हैं।
विवरण और पूजा-परिचय →जगन्नाथ रथ यात्रा
आषाढ़ शुक्ल द्वितीया
रथ यात्रा भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा की यात्रा से जुड़ा उत्सव है। पुरी का आयोजन विशेष प्रसिद्ध है; अन्य नगरों में भी यात्राएँ होती हैं।
विवरण और पूजा-परिचय →जानकारी और परंपरा
देवशयनी एकादशी
आषाढ़ शुक्ल एकादशी; विष्णु-उपासना और चातुर्मास का आरंभ।
इस संग्रह को समझें
रथ यात्रा और गुरु-स्मरण
रथ यात्रा में सार्वजनिक उत्सव और दर्शन की व्यवस्था महत्वपूर्ण है, जबकि गुरु पूर्णिमा में गुरु-स्मरण, अध्ययन और सेवा का स्थान है। यात्रा तथा घरेलू आयोजन की तैयारी अलग रखें।
चातुर्मास का संदर्भ
देवशयनी एकादशी से जुड़ी चातुर्मास परंपराओं में परिवार और संप्रदाय के अनुसार नियम मिलते हैं। किसी एक सूची को सभी पर लागू करने के बजाय अपनी पद्धति के संकल्प स्पष्ट करें।